क्रिकेट की पिच से सियासी मैदान तक, यूं हिट होते गए इमरान खान
पाकिस्तान को पहला क्रिकेट का वर्ल्डकप जिताने वाले कप्तान इमरान खान अब राजनीतिक बाजी जीतकर साबित कर दिया है कि वे क्रिकेट के पिच के ही नहीं बल्कि सियासी मैदान के भी ऑलराउंडर हैं.
प्रतीकात्मक तस्वीर — डेमो साइट
क्रिकेट की पिच से अपनी पहचान बनाने वाले इमरान खान पाकिस्तान की सत्ता पर विराजमान होते दिख रहे हैं. इमरान का जन्म पाकिस्तान के लाहौर में 5 अक्टूबर 1952 को हुआ. सियासत में कदम रखने से पहले वे एक लोकप्रिय और शानदार क्रिकेटर के रूप में जाने जाते थे.
पाकिस्तान को क्रिकेट का वर्ल्डकप जिताने वाले कप्तान इमरान खान ने अब राजनीतिक बाजी जीतकर साबित कर दिया है कि वे क्रिकेट के पिच के ही नहीं बल्कि सियासी मैदान के भी ऑलराउंडर हैं. पाकिस्तान के आम चुनाव में उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) ने सबसे ज्यादा सीटों पर जीत दर्ज की है और सत्ता हासिल करती हुई दिख रही है.
महज 13 साल की उम्र से इमरान ने क्रिकेट खेलना शुरू कर दिया था, जिसके बाद पाकिस्तान के लिए अपना डेब्यू 1971 में बर्मिंघम में इंग्लैंड के खिलाफ 18 साल की उम्र में किया. करीब दो दशक तक क्रिकेट खेलने के दौरान उन्होंने 1982-1992 तक पाकिस्तानी क्रिकेट टीम की कमान संभाली. इतने लंबे समय तक कप्तान रहने वाले वे पहले बल्लेबाज हैं.
1992 में पाकिस्तान को पहला और इकलौता क्रिकेट वर्ल्डकप जिताया. इमरान पाकिस्तान के सबसे सफल खिलाड़ी और कप्तान रहे हैं. पाकिस्तान टीम को आक्रामक बनाने और जीत के लिए संघर्ष करना सिखाने का श्रेय उन्हीं को जाता है. वर्ल्डकप जीतने के साथ ही इमरान क्रिकेट से संन्यास लेकर पाकिस्तान में समाज सेवा में जुट गए.
इमरान ने समाजसेवा के क्षेत्र में पहला काम अपनी मां के नाम पर कैंसर अस्पताल बनवाकर किया. इसके बाद शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने कई कॉलेज बनवाए. यहीं से उनके मन में सियासत में आने का जज्बा जगा. उन्होंने अपनी छवि को सामाजिक रूप से मजबूत किया.
इमरान खान ने क्रिकेट से संन्यास लेने के 4 साल के बाद ही राजनीति में आने का फैसला किया. अप्रैल 1996 में पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ नाम से राजनीतिक पार्टी बनाई, लेकिन पहली बार चुनाव लड़ने उतरे तो क्लीन बोल्ड हो गए. हालांकि सियासी मैदान में पहले चुनाव में हार मानने के बाद उन्होंने हार नहीं मानी और संघर्ष करते रहे.
17 साल के संघर्ष के बाद 2013 के चुनाव में इमरान की पार्टी पाकिस्तान में दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी. पार्टी के गठन के 22 साल के बाद 2018 के पाकिस्तान आम चुनाव में इमरान की पार्टी पीटीआई सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है. वो पाकिस्तान के वजीर-ए-आजम(प्रधानमंत्री) बनने की दहलीज पर खड़े हैं.
इमरान खान की निजी जिंदगी में काफी विवाद रहे हैं. वे जवानी में जहां लड़कियों के बीच काफी पॉपुलर रहे हैं, इसी का नतीजा है कि कई अभिनेत्री, मॉडल सहित कई लड़कियों के साथ उनके अफेयर की चर्चाएं होती रही है. फिल्म अभिनेत्री जीनत अमान से लेकर पाकिस्तान की पूर्व पीएम बेनजीर भुट्टो के साथ उनका नाम को जोड़ा गया था.
इमरान ने कई शादियां की है. पहली शादी 1995 में 1995 में जेमाइमा गोल्डस्मिथ से की, लेकिन 9 साल बाद दोनों अलग हो गए. इमरान ने दूसरी शादी 2015 में ब्रिटिश-पाकिस्तानी पत्रकार रेहम खान से रचाई. दुर्भाग्य से ये भी रिश्ता लंबा नहीं चल सका और 10 महीने के बाद तलाक हो गया. इमरान ने अपनी तीसरी शादी 2018 में बुशरा मानेका से की है, जिनके साथ वो फिलहाल शादीशुदा जिंदगी जी रहे हैं.